भारत में अल्पसंख्यकों पर हमलों के बीच आरएसएस क्यों कर रहा है पश्चिम में लॉबिंग
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) अपनी वैश्विक छवि को मजबूत करने और अल्पसंख्यकों के खिलाफ हिंसा के आरोपों को खारिज करने के लिए अमेरिका, यूके और जर्मनी के दौरों का आयोजन कर रहा है. 'अल जजीरा' की इस विस्तृत रिपोर्ट में आरएसएस की वैचारिक पृष्ठभूमि, हेट स्पीच के आंकड़े और 'एसआईआर' विवाद का विश्लेषण किया गया है. पढ़ें पूरी रिपोर्ट
अल्पसंख्यकों के मामले में अपनी ‘छवि’ सुधारने के लिए आरएसएस विदेशों में सक्रिय
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पार्टी की जननी माने जाने वाले शक्तिशाली हिंदू संगठन आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ) ने मंगलवार को कहा कि उसने अपनी छवि सुधारने के लिए अमेरिका सहित अन्य देशों के विदेशी दौरों का आयोजन किया है. संगठन का उद्देश्य उन धारणाओं का खंडन करना है, जिनमें उसे एक अर्धसैनिक संगठन और अल्पसंख्यक समुदायों पर हमलों में शामिल बताया जाता है.

