क्या अमेरिकी वर्चस्व का युग समाप्त हो गया है? जैसे-जैसे डोनाल्ड ट्रंप सहयोगियों को धमका रहे हैं, ग्रीनलैंड पर नजर गड़ाए हुए हैं और अमेरिका को अलग-थलग कर रहे हैं, यूरोप और कनाडा के नेता घोषणा कर रहे हैं कि "पुरानी दुनिया अब खत्म हो चुकी है."
हरकारा डीप डाइव के इस एपिसोड में, निधीश त्यागी जॉर्ज टाउन यूनिवर्सिटी (कतर) की डॉ. नंदिनी देव के साथ इस बदलते भू-राजनीतिक नाटक को डिकोड कर रहे हैं.
मुख्य चर्चा:
क्यों ट्रंप को "दोस्त" नहीं, बल्कि "नौकर" चाहिए?
यूरोप का यह अहसास कि वे अब अमेरिका पर भरोसा नहीं कर सकते.
ट्रंप का मनोविज्ञान: क्या वे सम्मान के बजाय डर चाहते हैं?
भारत की स्थिति: पीएम मोदी की ट्रंप से कम होती बातचीत और बढ़ते टैरिफ के बीच, भारत को अब किसकी ओर देखना चाहिए? यूरोपीय यूनियन, रूस या ग्लोबल साउथ?
बदलती वैश्विक व्यवस्था के इस महत्वपूर्ण विश्लेषण को देखना न भूलें.
Chapters:
0:00 - परिचय: दावोस और यूरोप का संकट
02:15 - ग्रीनलैंड पर ट्रंप और "पुरानी दुनिया का अंत"
05:30 - ट्रंप का मनोविज्ञान: वो अमेरिका को अकेला क्यों कर रहे हैं?
09:00 - यूक्रेन युद्ध और अमेरिकी शक्ति की विफलता
13:10 - भारत की दुविधा: ट्रंप से दूरी और चीन का फैक्टर
16:40 - यूरोपीय यूनियन (EU) का दौरा और नए गठबंधन
20:00 - निष्कर्ष: अनिश्चितता ही अब नया नियम है
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