हर्ष मंदर | अगले जिहाद' की कभी न खत्म होने वाली तलाश
सामाजिक कार्यकर्ता हर्ष मंदर के विशेष लेख का सारांश: भारत में पिछले एक दशक के दौरान "लव जिहाद" से लेकर "सरोगेसी जिहाद" जैसे शब्दों के गढ़ने के पीछे के राजनीतिक और वैचारिक पैटर्न का विश्लेषण। जानिए कैसे यह महिलाओं की स्वतंत्रता को प्रभावित कर रहा है.

