मुख्य न्यायाधीश को पत्र, प्रधान के इस्तीफे की मांग: ‘इंडिया’ गठबंधन की बैठक में फैसले

विपक्षी 'इंडिया' गठबंधन कथित चुनावी अनियमितताओं को लेकर भारत के मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) सूर्यकांत को पत्र लिखेगा और पेपर लीक तथा परीक्षाओं में गड़बड़ी को लेकर मचे बवाल के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के लिए दबाव बनाएगा.

ये उन पांच फैसलों में शामिल हैं जिन पर सोमवार (8 जून 2026) को दिल्ली के 'कॉन्स्टिट्यूशन क्लब' में हुई बैठक में विपक्षी गठबंधन ने सहमति जताई. यह बैठक, जिसके लिए तृणमूल कांग्रेस की ममता बनर्जी कोलकाता से आई थीं, पश्चिम बंगाल में हाल ही में संपन्न हुए विधानसभा चुनावों में उनकी पार्टी को मिली करारी हार के बाद मची राजनीतिक उथल-पुथल के बीच हुई.

असद रहमान के मुताबिक, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने आज की बैठक में लिए गए फैसलों की घोषणा की. उन्होंने कहा, "एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) वोट लूट और चुनाव चोरी के मुद्दे पर सीजेआई (मुख्य न्यायाधीश) को एक पत्र भेजने पर सहमति बनी है. यह पत्र बहुत जल्द सीजेआई को सौंप दिया जाएगा." वरिष्ठ नेता ने आगे कहा कि विपक्षी दल सर्वसम्मति से शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तत्काल इस्तीफे की मांग करने पर सहमत हुए हैं क्योंकि उन्होंने "नीट और सीबीएसई परीक्षाओं में बैठने वाले लाखों युवाओं के साथ हुए विश्वासघात" की अध्यक्षता की है.

खड़गे ने यह भी मांग की कि केंद्र सरकार देश की नाजुक आर्थिक स्थिति, बेरोजगारी, मूल्य वृद्धि (महंगाई), किसानों और जनता से जुड़े अन्य मुद्दों पर चर्चा करने के लिए तुरंत एक सर्वदलीय बैठक बुलाए.  कांग्रेस अध्यक्ष ने घोषणा की कि 'इंडिया' गठबंधन के दल हर दो महीने में बैठक करने पर सहमत हुए हैं. उन्होंने कहा, "अगली बैठक अगस्त में हैदराबाद में होगी." खड़गे ने कहा कि विपक्षी दल संसद के मानसून सत्र के दौरान भी अपना आपसी समन्वय जारी रखेंगे.

‘द हिंदू’ ब्यूरो के अनुसार, कई विपक्षी दलों के नेताओं ने गठबंधन के भीतर एकजुटता के महत्व पर जोर दिया. साथ ही उन्होंने लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा करने और लोगों की आजीविका से जुड़े मुद्दों को उठाने की आवश्यकता पर बल दिया. बैठक में कांग्रेस की सोनिया गांधी, राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे, तृणमूल कांग्रेस की ममता बनर्जी, समाजवादी पार्टी के अखिलेश यादव, राजद के तेजस्वी यादव, नेशनल कॉन्फ्रेंस के उमर अब्दुल्ला और पीडीपी की महबूबा मुफ्ती के अलावा वामपंथी नेताओं सहित कई शीर्ष विपक्षी नेता शामिल हुए. राकांपा (एसपी) की नेता सुप्रिया सुले, माकपा के जॉन ब्रिटास, भाकपा के डी. राजा और कुछ छोटे दलों के नेता भी इस विचार-विमर्श का हिस्सा थे. शिवसेना (यूबीटी) के प्रमुख उद्धव ठाकरे इस बैठक में वर्चुअली (वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए) शामिल हुए.

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