जंतर-मंतर की आंखों देखी. क्यों डर गई सरकार? चंद्रभूषण की बड़ी चेतावनी #harkara

20 जुलाई 2026 को जंतर-मंतर पर क्या हुआ था? पुलिस कार्रवाई के दौरान आखिर ऐसा क्या हुआ कि वरिष्ठ पत्रकार और कवि चंद्रभूषण को भी हिरासत में लिया गया? हरकारा डीप डाइव के इस एपिसोड में निधीश त्यागी के साथ वरिष्ठ पत्रकार चंद्रभूषण ने जंतर-मंतर की अपनी आंखों देखी साझा की. उन्होंने बताया कि किस तरह हजारों छात्रों और युवाओं की भीड़, पुलिस की बैरिकेडिंग, लाठीचार्ज, हिरासत और आंदोलन के बदलते स्वरूप ने भारतीय लोकतंत्र के सामने कई महत्वपूर्ण सवाल खड़े किए हैं. क्या यह केवल एक छात्र आंदोलन है या भारतीय राजनीति में एक नए सामाजिक उभार की शुरुआत? क्या सरकार इस नए तरह के स्वतःस्फूर्त जन आंदोलन को समझ पाने में असफल रही है? और आखिर क्यों चंद्रभूषण कहते हैं कि “सर कुछ बदले चाहे न बदले, हम तो बदल गए.” इस बातचीत में जानिए. जंतर-मंतर की पूरी आंखों देखी. पुलिस कार्रवाई और हिरासत का अनुभव. आंदोलन में शामिल युवाओं की मनःस्थिति. सोनम वांगचुक और आंदोलन की रणनीति पर चर्चा. * सरकार के डर और लोकतंत्र के भविष्य पर चंद्रभूषण का विश्लेषण. #HarkaraDeepDive #JantarMantar #Chandrabhushan #NidheeshTyagi #SonamWangchuk #StudentProtest #DelhiPolice #Democracy #Harkara

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