उदयपुर में सरकारी कर्मचारी पर हमला: मिर्च पाउडर झोंका, नाक काटी, 9वीं मंजिल से फेंकने की कोशिश
'द मूकनायक' में गीता सुनील पिल्लई की रिपोर्ट के मुताबिक, उदयपुर के लकड़वास इलाके में 9 सितंबर की देर रात एक सरकारी कर्मचारी महिला पर उसके नौवीं मंजिल स्थित फ्लैट में कथित तौर पर हमला किया गया. महिला की पहचान डूंगरपुर जिले के बिछीवाड़ा की रहने वाली उषा लबाना के रूप में हुई है. वह करीब छह महीने से इस अपार्टमेंट में रह रही थीं. पुलिस मामले की जांच कर रही है.
महिला के पिता रमन लाल की ओर से शनिवार को दर्ज कराई गई शिकायत के मुताबिक, रात करीब 1 बजे छह से अधिक लोग उनके फ्लैट पर पहुंचे. शिकायत में अशोक लबाना, बीना लबाना, भरत लबाना, दिव्यांश, करीना, एक एंबुलेंस चालक समेत अन्य लोगों के नाम दिए गए हैं. इनमें से कई लोग बिछीवाड़ा से जुड़े बताए गए हैं.
शिकायत के अनुसार, हमलावरों ने पहले आसपास के फ्लैटों को बाहर से बंद कर दिया, ताकि पड़ोसी तुरंत मदद के लिए बाहर न निकल सकें. उषा ने जैसे ही दरवाजा खोला, उनकी आंखों में कथित तौर पर मिर्च पाउडर झोंक दिया गया और हमलावर घर के अंदर घुस गए.
परिजनों का आरोप है कि हमलावरों ने उषा के हाथ-पैर पकड़ लिए और धारदार हथियार से उनका गला काटने की कोशिश की. बचाव के दौरान उनकी नाक पर चोट लगी. फ्लैट के फर्श पर खून भी मिला.
नौवीं मंजिल से फेंकने की कोशिश का आरोप
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि उषा की चीख सुनकर जब पड़ोसी बाहर निकलने की कोशिश करने लगे तो बीना लबाना ने घायल महिला को बाल पकड़कर खींचा और उन्हें नौवीं मंजिल से नीचे फेंकने की कोशिश की. पड़ोसियों के हस्तक्षेप के कारण यह कोशिश नाकाम हो गई.
पड़ोसियों की सूचना पर पुलिस सुबह करीब 4 बजे मौके पर पहुंची. पुलिस ने एंबुलेंस बुलाकर घायल महिला को महाराणा भूपाल अस्पताल में भर्ती कराया. मौके से तीन लोगों को हिरासत में लिया गया, जबकि बाकी आरोपी फरार हो गए.
अस्पताल से महिला के गायब होने का आरोप
परिवार ने हमले के तुरंत बाद पुलिस में शिकायत दर्ज नहीं कराई. हमले के तीन दिन बाद शनिवार को रमन लाल ने शिकायत दी. उन्होंने आरोप लगाया कि महिला के अस्पताल में भर्ती होने के बाद फरार आरोपियों ने एंबुलेंस चालक की मदद से उसे अस्पताल से बाहर निकाल लिया और अब उसे किसी अज्ञात स्थान पर रखा गया है.
पुलिस ने आठ नामजद आरोपियों और अन्य लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास, अपहरण और संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है. फरार आरोपियों और महिला का पता लगाने के लिए पुलिस संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है.
कथित संबंध के शक का एंगल
पुलिस ने संकेत दिया है कि हमले के पीछे महिला और पड़ोसी के पति के बीच कथित संबंध को लेकर पैदा हुआ शक वजह हो सकता है. हालांकि अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह अभी केवल जांच का एक एंगल है और इसकी पुष्टि नहीं हुई है.
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि हमलावरों ने पूरी घटना का वीडियो बनाया और उसे समुदाय से जुड़े व्हाट्सऐप समूहों तथा सोशल मीडिया पर प्रसारित किया.
फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता लापता महिला का पता लगाने और बाकी आरोपियों को गिरफ्तार करने की है. महिला की मौजूदा स्थिति और वह कहां है, इसकी जानकारी भी अभी स्पष्ट नहीं है. पुलिस संभावित ठिकानों पर तलाश कर रही है और मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है.

