अर्थव्यवस्था पर बढ़ते दबाव के बीच नीति आयोग ने निर्माण कार्यों पर दो साल के प्रतिबंध की सिफारिश की
पश्चिम एशिया में जारी संकट के कारण निर्माण लागत में भारी वृद्धि और बढ़ते आयात का सामना करते हुए, सरकारी थिंक टैंक ‘नीति आयोग’ ने केंद्र सरकार को भारत भर में सभी प्रमुख निर्माण कार्यों को दो साल के लिए रोकने की सलाह दी है. इसमें राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली में निर्माण भवन, उद्योग भवन और शास्त्री भवन जैसे मंत्रालयी परिसरों को ढहाने और उनके पुनर्निर्माण का कार्य भी शामिल है.
अनिमेष सिंह के अनुसार, नीति आयोग ने संबंधित केंद्रीय मंत्रालयों को यह सिफारिश भेजी है. इसमें स्पष्ट किया गया है कि लागत में बढ़ोत्तरी, बढ़ते आयात और आपूर्ति श्रृंखला में व्यवधान के कारण कच्चे माल की उपलब्धता प्रभावित हो रही है, इसलिए सभी बड़े पैमाने के निर्माण कार्यों पर दो साल के लिए रोक लगा दी जानी चाहिए. निर्माण और तोड़फोड़ (डिमोलिशन) के काम को स्थगित करने की सुझाई गई यह अवधि ईरान युद्ध से उत्पन्न स्थिति की गंभीरता को दर्शाती है. संयोग से, यह सिफारिश नीति आयोग के नए उपाध्यक्ष अशोक लाहिड़ी और पूर्णकालिक सदस्यों की पूरी तरह से नई टीम की नियुक्ति से पहले की गई थी.
थिंक टैंक की यह सिफारिश प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 10 मई को नागरिकों से की गई उस अपील के कुछ ही दिन बाद आई है, जिसमें उन्होंने पश्चिम एशिया संकट के बीच वैश्विक ऊर्जा कीमतों में उछाल को देखते हुए ईंधन की खपत कम करने, 'वर्क फ्रॉम होम' (घर से काम) को फिर से शुरू करने, सोने की खरीद रोकने और विदेश यात्राओं में कटौती करने का आग्रह किया था.
इस बीच, निर्माण भवन परिसर (जिसमें केंद्रीय शहरी विकास और स्वास्थ्य मंत्रालय स्थित हैं) को ढहाने का काम रोक दिया गया है. इसके अलावा, पड़ोसी उद्योग भवन (जिसमें एमएसएमई, इस्पात और वाणिज्य मंत्रालय हैं) को ढहाने की शुरुआती तैयारी, जो पिछले महीने पूरे परिसर की घेराबंदी के साथ शुरू हुई थी, उसे भी नीति आयोग की सिफारिश के बाद अब रोका जा सकता है.
सूत्रों ने ‘द ट्रिब्यून’ को बताया कि इन घटनाक्रमों के बाद, शास्त्री भवन (जिसमें सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय सहित सबसे अधिक संख्या में केंद्रीय मंत्रालय हैं) और उससे सटे कृषि भवन परिसर (कृषि, ग्रामीण विकास, पंचायती राज और खाद्य मंत्रालय का मुख्यालय) को ढहाने के प्रस्तावित कार्य को भी फिलहाल ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है.

