‘एक चुटकुला साझा करना चाहता हूँ’: एसआईआर में प्रकाश राज ‘स्थायी रूप से स्थानांतरित’ के रूप में सूचीबद्ध
कर्नाटक में मतदाता सूचियों के जारी विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान मतदाताओं को गलत तरीके से अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत, डुप्लिकेट या अन्य (एएसडीडीओ) श्रेणियों में वर्गीकृत किए जाने की कई शिकायतों के बीच, अभिनेता प्रकाश राज ने मंगलवार को कहा कि उनका नाम भी इस सूची में है.
‘द इंडियन एक्सप्रेस’ में अकरम एम की रिपोर्ट के अनुसार, अपने सोशल मीडिया चैनलों पर पोस्ट किए गए एक वीडियो में, राज ने कहा कि वह राज्य के उन 65 लाख मतदाताओं में शामिल हैं, जिन्हें कर्नाटक के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) के कार्यालय द्वारा "स्थायी रूप से स्थानांतरित" के रूप में वर्गीकृत किया गया है. उन्होंने कहा, "मैं आपके साथ एक चुटकुला साझा करना चाहता हूँ. मैं उन 65 लाख मतदाताओं में से एक हूँ जिनके मताधिकार एसआईआर के बाद समाप्त कर दिए गए हैं."
राज ने कहा कि वह बेंगलुरु के शांतिनगर विधानसभा क्षेत्र में मतदान करते हैं, जहाँ उनका जन्म हुआ, वे रहे हैं और उन्होंने अपनी स्कूल तथा कॉलेज की शिक्षा पूरी की है. 2019 के चुनावों में बैंगलोर सेंट्रल लोकसभा सीट से अपने असफल प्रयास को याद करते हुए उन्होंने कहा, "मैं इस निर्वाचन क्षेत्र से सांसद प्रत्याशी भी रहा हूँ."
95 सेकंड के वीडियो में उन्होंने कहा, "देखते हैं कि मुझे किस प्रक्रिया से गुजरना होगा. अपना वोटर आईडी वापस पाने के लिए 'क्या-क्या कागज़ दिखाना पड़ेगा?'... ख़ैर, गेम ऑन. एक छोटा सा शब्द. मेरे दोस्त, तुम उन लोगों के मताधिकार को छीनने के लिए अपनी शक्ति का उपयोग कर सकते हो जो शायद तुम्हें न चुनें. लेकिन क्या तुम हमें रोक सकते हो?"
उन्होंने अपनी एएसडीडीओ सत्यापन स्थिति का एक स्क्रीनशॉट भी साझा किया, जिसने उन्हें "स्थायी रूप से स्थानांतरित" श्रेणी के तहत वर्गीकृत किया था. पिछले महीने, राज को बेंगलुरु की एक अदालत से एक मामले में जमानत मिली थी, जिसमें उन पर कई वोटर आईडी कार्ड रखने का आरोप लगाया गया था.
एएसडीडीओ सूची में 5 में से 1 मतदाता
कर्नाटक में, एसआईआर के लिए मैप किए गए 5.54 करोड़ मतदाताओं में से 1.08 करोड़—यानी 19.66 प्रतिशत मतदाता— एएसडीडीओ सूची में हैं. बेंगलुरु में लगभग आधे मतदाताओं—मैप किए गए 1.03 करोड़ मतदाताओं में से 49 लाख—को इस महीने के अंत में प्रकाशित होने वाली प्रारूप मतदाता सूची से हटाए जाने की संभावना है.
नागरिक समाज समूहों की माँगों के बाद, सीईओ वी. अनबुकुमार ने गणना चरण की अंतिम तिथि 17 अगस्त तक बढ़ा दी है. यह दूसरा विस्तार है और यह मतदाताओं को अपनी स्थिति की पुष्टि करने तथा गलत तरीके से वर्गीकृत किए जाने पर बूथ स्तर के अधिकारियों से संपर्क करने के लिए अधिक समय देने की माँगों के बाद लिया गया है.

