अमेरिका ने हमारे तीन नाविक मार दिए और संवेदना में एक शब्द नहीं, यह कैसा ‘मित्र’ है : शशि थरूर
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने खाड़ी (गल्फ) में अमेरिकी नौसेना के हमलों में तीन भारतीय नाविकों की मौत के बाद आए अमेरिका के आधिकारिक बयान पर 'एक्स' (ट्विटर) पर गहरी हैरानी और नाराजगी जताई है. विदेश मंत्री एस. जयशंकर द्वारा अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के सामने कड़ा विरोध दर्ज कराने के दावों के बीच, थरूर ने अमेरिकी प्रतिक्रिया को पूरी तरह संवेदनहीन करार दिया है. उन्होंने सवाल उठाया कि क्या नागरिक चालक दल (सिविलियन क्रू) वाले व्यावसायिक जहाजों को रोकने के लिए गैर-घातक तरीकों का इस्तेमाल नहीं किया जा सकता था? वैश्विक समुद्री मार्गों पर काम करने वाले हजारों भारतीय नाविकों की सुरक्षा और भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी पर उठे इन तीखे सवालों पर पढ़ें पूरी विस्तृत रिपोर्ट.
सुशांत सिंह | मोदी और ट्रंप 2.0 की क्षतिग्रस्त साझेदारी खोखले कूटनीतिक दिखावे की कहानी
वरिष्ठ रक्षा विश्लेषक और पत्रकार सुशांत सिंह के इस विशेष वैचारिक आलेख में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो और राजदूत सेर्जियो गोर के हालिया भारत दौरे की रणनीतिक समीक्षा की गई है. लेखक के अनुसार, दूसरे ट्रंप प्रशासन के तहत भारत-अमेरिका साझेदारी के तीन पारंपरिक स्तंभ—हिंद-प्रशांत क्षेत्र में चीन विरोधी रणनीतिक तालमेल, भारत का व्यापार अधिशेष और एच-1बी (H-1B) वीजा आधारित जन-से-जन संबंध—बुरी तरह प्रभावित हुए हैं. अगले 5 वर्षों में 500 अरब डॉलर के अमेरिकी सामान खरीदने के दबाव, क्वाड (Quad) के अवमूल्यन और अमेरिकी रणनीतिक छत्र के बिना चीन-पाकिस्तान के दोहरे मोर्चे से बचने के लिए बीजिंग को दी जा रही कूटनीतिक रियायतों पर पढ़ें यह पूरा विश्लेषण.

